◆ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग के कार्यों की समीक्षा बैठक सम्पन्न
जालौर । जिला कलक्टर डॉ. प्रदीप के. गावंडे की अध्यक्षता में बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग के कार्यों की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई।
बैठक में जिला कलक्टर डॉ. प्रदीप के. गावंडे ने ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग के कार्यों की प्रगति के संबंध में समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे नरेगा के तहत व्यक्तिगत कार्यों तथा अमृत सरोवर के कार्यों को लक्ष्यानुरूप नियत समय पर पूर्ण करना सुनिश्चित करें। उन्होंने ब्लॉकवार विकास अधिकारियों से चर्चा कर कार्यों के बारे में जानकारी ली तथा विकास अधिकारियों को ग्राम पंचायतवार आधार सीडिंग की समीक्षा कर लक्ष्य पूर्ण करने के लिए निर्देशित किया।

उन्होंने जिले में नरेगा के तहत प्रति परिवार उपलब्ध करवाये जा रहे रोजगार की स्थिति के बारे में जानकारी लेते हुए रोजगार दिवस सृजन की स्थिति सुधारने के साथ ही नरेगा मजदूरी का समय पर भुगतान किये जाने के निर्देश दिए।
उन्होंने नरेगा के तहत श्रमिकों को अधिकतम रोजगार मुहैया करवाने के साथ ही मनरेगा कार्य पूर्ण होने पर उसकी जियो टैगिंग करवाने के निर्देश दिए। उन्होंने पंचायत समितियों के पदस्थापित विकास अधिकारियों को कार्यों का विभाजन कर लक्ष्यानुरूप प्रगति अर्जित करने के साथ ही प्रगतिरत कार्यों का नियमित निरीक्षण किये जाने की बात कही।
उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना में लक्ष्यानुरूप स्वीकृत आवास, किस्त स्वीकृति व निर्माणाधीन आवासों की प्रगति देखते हुए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने सांसद स्थानीय क्षेत्र विकास योजना व विधायक कोष के तहत पूर्ण व प्रगतिरत विकास कार्यों की समीक्षा कर अधिकारियों को निर्देश दिए।
जिला कलक्टर ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत स्कूलों में नवीन शौचालयों के निर्माण को लेकर प्रस्ताव भिजवाने के साथ ही स्वीकृति उपरांत शीघ्र निर्माण करवाने के अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने व्यक्तिगत घरेलू शौचालयों के निर्माण को लेकर विकास अधिकारियों से जानकारी लेते हुए विभागवार पेंडेंसी देखते हुए नियत समय में कार्यों को पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने व्यक्तिगत कार्य श्रेणी में स्वीकृत कार्यों की प्रगति को लेकर आहोर व जालोर पंचायत समिति के विकास अधिकारियों को प्रदर्शन सुधारने के लिए निर्देशित किया।
जिला कलक्टर डॉ. प्रदीप के. गावंडे ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत ठोस एवं तरल कचरा प्रबंधन सुनिश्चित करने के लिए ग्राम स्तर पर प्रभावी मॉनिटरिंग तथा प्रबंधन सुनिश्चित करें तथा ग्रामीणों को स्वच्छता के प्रति जागरूक कर ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाकर ग्रामों को स्वच्छ बनाने की दिशा में प्रयास किये जावें। उन्होंने सामुदायिक शौचालयों के सुचारू संचालन के साथ ही पानी की उपलब्धता व सफाई व्यवस्थाओं को लेकर अधिकारियों को नियमित निरीक्षण करने के लिए निर्देशित किया।
उन्होंने अधिकारियों को मॉडल ग्राम पंचायतों का निरीक्षण कर विभागीय योजनाओं के तहत संचालित कार्यों की प्रगति की मौका रिपोर्ट भिजवाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्वामित्व योजना के तहत किये गये ड्रोन सर्वे की ब्लॉकवार रिपोर्ट तथा शेष रहे ग्रामों में कार्यों की प्रगति देखी।
इस अवसर पर जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी जवाहर चौधरी, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी चिदम्बरा परमार, वाटरशेड के अधीक्षण अभियंता अरूण आमेटा लेखाधिकारी हमीराराम मेघवाल, अधिशासी अभियंता सोहम शर्मा व कुलवंत कालमा सहित जिले के समस्त विकास अधिकारी उपस्थित रहे।
