तखतगढ़ (पाली)। जवाई बांध का पानी खेतों में आने के छंद दिन शेष रहे है। ऐसे में धरतीपुत्र खेतों की जुताई में जुटे हुए है। पाली जिले के सुमेरपुर व बाली के अलावा एवं जालोर जिले के आहोर उपखंड क्षेत्र के धरतीपुत्र रात-दिन खेतों में ट्रैक्टरों से जुताई में जुटे है। इधर, पुलिस थाने में भी खालिया तोड़ने के मामले सामने आ रहे है। धरतीपुत्र अपने खेतों में रबी की फसल बोएगे।
तीन को खुलेगी पहली पाण-जवाई बांध से कमाण्ड क्षेत्र में पहली पाण की सिंचाई के लिए जवाई नहर के गेट शुक्रवार को खोले जाएंगे। विभाग ने इसकी पूरी तैयारी करने में जुटा हुआ है। जवाई नहर व माईनरों की साफ सफाई का कार्य को युद्धस्तर पर पूरा करने में संवेदक मुश्तैद है। कमाण्ड क्षेत्र में बाराबंदी के अनुसार सिंचाई शनिवार सुबह से बाराबंदी प्रारंभ होगी। जवाईबांध बांध जल वितरण कमेटी की जिला मुख्यालय पर आयोजित बैठक के अनुसार सिंचाई के लिए 4400 एमसीएफटी पानी देने का निर्णय किया है। इसके बाद जवाई कमांड संगम अध्यक्षों की बैठक में किसानों को चार पाण के लिए अवधि भी निश्चित की गई है। इसी के अनुरूप पहली पाण की सिंचाई के लिए जवाई नहर के गेट शुक्रवार को सायं 4 बजे विभागीय अधिकारियों की मौजूदगी में खोले जाएंगे। जल संसाधन विभाग जवाई नहर खण्ड सुमेरपुर के अधिशासी अभियंता गंगाराम सुथार ने बताया कि शनिवार सुबह से बाराबंदी लागू हो जाएगी। बाराबंदी, मांग कायमी, जलकर की वसूली व जल प्रवाह की मॉनिटरिंग का कार्य संबंधित संगम अध्यक्षों द्वारा किया जाना है। जिसमें विभाग द्वारा जरूरत के अनुसार सहयोग दिया जाएगा। बाराबंदी संगम अध्यक्षों के हस्ताक्षर उपरांत वितरित कर दी गई है।
चार पाण में होगी सिंचाई– जल संसाधन विभाग के अनुसार जवाईबांध से सिंचाई के लिए आरक्षित 4400 एमसीएफटी पानी से जवाई कमांड़ क्षेत्र में सिंचाई होगी। पहली पाण 21, दूसरी पाण 21, तीसरी और चैथी पाण 23-23 दिन की रहेगी। सिंचाई के लिए पहली पाण का पानी 3 नवंबर की सायं 4 बजे छोडा जाएगा। इसके साथ ही 4 नवंबर से बाराबंदी लागू हो जाएगी। हेड रिच की छोटी माइनरों को अगले दिन सुबह 7 बजे खोला जाएगा।
